
जालंधर (वंदना वर्मा)- CES 2026 AI Update : आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर तेज़ी से बदलाव देखने को मिल रहे हैं। CES 2026 से लेकर भारत की नीतिगत तैयारियों तक, AI अब घर, उद्योग, शिक्षा और शासन व्यवस्था का अहम हिस्सा बनता जा रहा है।
सैमसंग ने AI होम कम्पेनियन डिवाइस का विस्तार किया

सबसे पहले Samsung ने CES में अपने Bespoke AI 2026 इकोसिस्टम को पेश किया। कंपनी ने ऐसे स्मार्ट होम डिवाइस दिखाए जो यूजर की रोजमर्रा की आदतों को समझकर खुद को ढाल सकते हैं। इनमें AI-सक्षम वॉशिंग मशीन, स्मार्ट किचन अप्लायंसेज़ और एनर्जी सेविंग AI मोड शामिल हैं, जो पूरे घर के डिवाइस को आपस में जोड़कर ज्यादा स्मार्ट और किफायती अनुभव देने का दावा करते हैं।
यह भी पढ़ें : कोडिंग सीखना हुआ आसान: प्रोग्रामिंग, लॉजिक और इंटरव्यू की पूरी तैयारी
केरल AI फ्यूचर कॉन की मेजबानी करेगा

इसी बीच भारत के केरल राज्य ने AI Future Con की घोषणा की है। यह सम्मेलन 23 जनवरी को कोवलम में आयोजित होगा, जहां दुनियाभर के टेक लीडर्स, पॉलिसीमेकर और विशेषज्ञ शामिल होंगे। सम्मेलन में गवर्नेंस, हेल्थकेयर, एजुकेशन और सस्टेनेबिलिटी में AI की भूमिका पर चर्चा होगी। इसे आगामी India AI Impact Summit 2026 की तैयारी के तौर पर देखा जा रहा है।
रियल-टाइम सिस्टम के लिए नया एज AI मॉड्यूल

CES 2026 AI Update : टेक्नोलॉजी सेक्टर में EDOM Technology ने NVIDIA Jetson T4000 नाम का नया एज AI मॉड्यूल लॉन्च किया है। यह हल्का लेकिन हाई-परफॉर्मेंस डिवाइस रियल-टाइम सेंसिंग और AI इनफेरेंस के लिए डिजाइन किया गया है, जिसका इस्तेमाल रोबोटिक्स और इंडस्ट्रियल सिस्टम्स में किया जा सकेगा।
यह भी पढ़ें : AI की दुनिया में बड़ा बदलाव: माइक्रोसॉफ्ट से लेकर यूरोप तक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस ने पकड़ी रफ्तार
इंटेल ने AI-ऑप्टिमाइज़्ड लैपटॉप चिप्स लॉन्च किए

वहीं Intel ने CES 2026 में अपने नए Panther Lake AI लैपटॉप चिप्स पेश किए हैं। ये चिप्स ऑन-डिवाइस AI कंप्यूटिंग को बेहतर बनाने के साथ-साथ परफॉर्मेंस और एनर्जी एफिशिएंसी बढ़ाने पर फोकस करते हैं।
भारत में AI पॉलिसी पर फीडबैक के लिए डेडलाइन बढ़ाई गई
/bmi/media/media_files/2025/11/06/ai-using-2025-11-06-10-03-56.png)
भारत सरकार ने भी Generative AI और Copyright Policy Framework पर जनता से फीडबैक देने की तारीख बढ़ाकर 6 फरवरी 2026 कर दी है। इससे स्टेकहोल्डर्स को AI कानून और नीतियों को आकार देने में ज्यादा समय मिलेगा।
कुल मिलाकर, ये सभी घटनाक्रम दिखाते हैं कि AI अब भविष्य की तकनीक नहीं, बल्कि वर्तमान का केंद्र बन चुका है।
यह भी पढ़ें : अपने स्किल्स से कमाएँ पैसिव इनकम: 8 बेहतरीन ChatGPT प्रॉम्प्ट्स
-----------------------------------------------------------------
देश-दुनिया की ताजा खबरों के लिए >>>Join WhatsApp Group Join<<< करें। आप हमें >>>Facebook<<< फॉलो कर सकते हैं। लेटेस्ट खबरें देखने के लिए हमारे यूट्यूब चैनल को भी सबस्क्राइब करें।
-----------------------------------------------------------------





